महान लोक आस्था का महापर्व छठ मुख्य रूप से सूर्य के प्रत्यक्ष उपासना का पर्व है. 

Chhath Puja 2022

सूर्य समस्त मानव जाति के पालक और धारक हैं. सूर्य ने निकलने वाली किरणें प्रदूषण का नाश करती हैं. 

सूर्य से निकलने वाली किरणें प्रदूषण का नाश करती हैं. 

चारों वेदों में सूर्य को ऊर्जा का विशाल स्त्रोत माना गया है. सौर मंडल का केंद्र सूर्य ही है जिसके चारों और सभी ग्रह परिक्रमा करते हैं.

सूर्य चंद्रमा को प्रकाश देता है. इसकी जानकारी सदियों पहले हमें वेदों से मिलती है.

'सप्त दिशो नानासूर्या:। देवा आदित्या ये सप्त।' यानी सूर्य अनेक हैं. यहां सात सूर्य से आशय सात सौरमंडल से है.

महापर्व छठ के चार दिवसीय इस अनुष्ठान के तीसरे दिन यानी 30 अक्टूबर को भगवान भास्कर को संध्या में पहला अर्घ्य अर्पित किया जाएगा