National Sports Day पर 26वें मुजफ्फरपुर जिला युग सृजन खेल पुरस्कार समारोह में 400 से अधिक सम्मान
Muzaffarpur 29 August : National Sports Day पर 26वें मुजफ्फरपुर जिला युवा सृजन खेल पुरस्कार में 400 से अधिक सम्मान दिए गए। राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर आयोजित यह समारोह जिले में खेलों के प्रति बढ़ती प्रतिबद्धता और नई प्रतिभाओं के लिए बनते अवसरों का महत्वपूर्ण संकेत बनकर सामने आया।
National Sports Day पर युग सृजन खेल पुरस्कार
National Sports Day के अवसर पर शनिवार, 29 अगस्त 2026 को शहर के शुभकरण केडिया सभागार, चैम्बर ऑफ कॉमर्स, जवाहर लाल रोड में 26वें मुजफ्फरपुर जिला युवा सृजन खेल पुरस्कार वितरण समारोह-2026 का आयोजन किया गया। युवा सृजन, मुजफ्फरपुर की ओर से आयोजित समारोह में जिले के खेल क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों, अधिकारियों, संस्थाओं और खेल पत्रकारों को सम्मानित किया गया। इस वर्ष 400 से अधिक खेल पुरस्कार प्रदान किए गए। 26 वर्ष पहले केवल नौ पुरस्कारों से शुरू हुई यह पहल आज लगभग 400 पुरस्कारों तक पहुंच चुकी है।

समारोह में एसडीएम सत्यव्रत कुमार, जिला खेल पदाधिकारी राजेंद्र कुमार, प्रो. एसके पॉल, इंद्रप्रस्थ स्कूल सुमन कुमार, अनिल सिन्हा, पारस गुप्ता, फिरोजुद्दीन फैज, अश्विनी खत्री, शैलेंद्र कुमार, राजीव कुमार, अशोक कुमार साह (खेल सचिव, BRABU), महेंद्र कुमार पीटीआई और संजय केजरीवाल सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। मंच संचालन की जिम्मेदारी प्रमोद कुमार और संजय केजरीवाल ने संभाली।
क्रिकेट से आगे, खेलों की पूरी दुनिया को सम्मान
युवा सृजन खेल पुरस्कार समारोह की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि सम्मान का दायरा केवल क्रिकेट या लोकप्रिय खेलों तक सीमित नहीं रहा। मुजफ्फरपुर खेल रत्न जैसे प्रमुख सम्मानों के साथ एथलेटिक्स, टेबल टेनिस, गटका, कुराश, स्लिंगशॉट, सेपक टकरॉ, वुशू, रोलर स्केटिंग और अन्य खेल विधाओं में प्रतिभा दिखाने वाले खिलाड़ियों को भी पहचान दी गई।

इस वर्ष वासुदेव प्रसाद सिंह (क्रिकेट), अंकित कुमार (एथलेटिक्स) और नीलांजना शर्मा (टेबल टेनिस) जैसे खिलाड़ियों को शीर्ष स्तर पर सम्मान मिला। वहीं गटका में सनातन राज, कुराश में प्रशांत तिवारी, स्लिंगशॉट में कृष्ण नंदन कुमार और अन्य पारंपरिक व विशिष्ट खेलों के खिलाड़ियों की उपलब्धियों को सामने लाया गया। यह विविधता बताती है कि मुजफ्फरपुर का खेल परिदृश्य क्रिकेट से कहीं अधिक व्यापक हो रहा है।
खिलाड़ियों के साथ अनुभवी पीढ़ी और खेल अधिकारियों का भी सम्मान
खेल संस्कृति को लंबे समय तक मजबूत बनाए रखने के लिए समारोह में अनुभवी खिलाड़ियों को भी सम्मान दिया गया। ‘भीष्म पितामह खेल सम्मान’ के माध्यम से वॉलीबॉल के अशोक कुमार सिंह, कैरम के राकेश कुमार सिन्हा और शतरंज के रमेश कुमार शाही जैसे वरिष्ठ खेल व्यक्तित्वों के योगदान को रेखांकित किया गया।

इसके साथ ही खिलाड़ी से खेल अधिकारी बनने वाले लोगों को भी सम्मानित किया गया। करुणेश कुमार, जिन्हें खेलो इंडिया से जुड़े तकनीकी अधिकारी के रूप में पहचान मिली है, तथा कराटे से जुड़े वीरेंद्र कुमार सिंह और कुराश के अतुल स्वरूप जैसे नाम इस बात के उदाहरण हैं कि खेल में योगदान केवल मैदान तक सीमित नहीं होता। खिलाड़ी के अनुभव का उपयोग प्रशासन और तकनीकी व्यवस्था में भी खेलों को बेहतर दिशा दे सकता है।
स्कूल से विश्वविद्यालय तक तैयार हो रही खेल प्रतिभाओं की श्रृंखला
मुजफ्फरपुर में खेल प्रतिभाओं के विकास के लिए स्कूलों, कॉलेजों और प्रशिक्षण संस्थानों की भूमिका भी समारोह में सामने आई। महर्षि दयानंद सरस्वती खेल सम्मान के माध्यम से प्ले स्कूल से लेकर विद्यालय और उच्च शिक्षण संस्थानों तक खेल गतिविधियों को प्रोत्साहन देने वाली संस्थाओं को सम्मान मिला।

सृष्टि प्ले स्कूल, बिरला ओपन माइंड्स इंटरनेशनल स्कूल, सनशाइन प्रेप, जीडी मदर इंटरनेशनल स्कूल जैसे संस्थानों से लेकर लंगट सिंह कॉलेज और आरडीएस कॉलेज तक की खेल यात्रा इस बात की ओर संकेत करती है कि जिले में प्रतिभाओं के लिए शुरुआती स्तर से उच्च शिक्षा तक एक संभावित खेल मार्ग विकसित हो रहा है।
राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक पहुंच रही मुजफ्फरपुर की प्रतिभाएं
स्थानीय स्तर की उपलब्धियों को राज्य और राष्ट्रीय मंच से जोड़ने के लिए परमेश्वर लाल केजरीवाल खेल सम्मान भी महत्वपूर्ण रहा। इसके माध्यम से बिहार की टीम का प्रतिनिधित्व करने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया। एथलेटिक्स में रंजू कुमारी, प्रभात राज और प्रिया कुमारी, बास्केटबॉल में मैत्रेयी शंकर और शिद्रा जरीन तथा कबड्डी में साक्षी कुमारी जैसे खिलाड़ियों ने जिले की खेल प्रतिभा को व्यापक पहचान दिलाई है।

समारोह में खेल के पूरे इकोसिस्टम को सम्मान देने की सोच भी दिखाई दी। पीएन मेहता खेल सम्मान के तहत खेल पत्रकारिता के योगदान को पहचान मिली, जबकि सरदार पटेल खेल सम्मान के जरिए खेल प्रशासन और अधिकारियों की भूमिका को रेखांकित किया गया। शहीद खुदीराम बोस खेल सम्मान के माध्यम से प्रतियोगिताओं और खेल आयोजनों को जमीन पर सफल बनाने वाले आयोजकों और पदाधिकारियों को भी सम्मानित किया गया।
Youtube video link : https://youtu.be/Q4gleslZcb4
खेल पत्रकारिता के लिए मेरे लिए भी यादगार रहा यह दिन
आज का दिन मेरे लिए बेहद खास और भावुक करने वाला रहा। 26वें मुजफ्फरपुर जिला युवा सृजन खेल पुरस्कार समारोह में मुझे खेल पत्रकारिता के क्षेत्र में योगदान के लिए ‘पीएन मेहता खेल पत्रकारिता सम्मान’ से सम्मानित किया गया।
यह सम्मान मेरे लिए सिर्फ एक पुरस्कार नहीं, बल्कि वर्षों से खेल और खेल पत्रकारिता के प्रति किए जा रहे प्रयासों की पहचान है। स्थानीय खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और खेल आयोजनों की खबरों को लोगों तक पहुंचाना मेरे लिए हमेशा एक जिम्मेदारी और जुनून रहा है।

खेल पत्रकारिता के माध्यम से मैदान पर पसीना बहाने वाले खिलाड़ियों और उनके संघर्ष को समाज तक पहुंचाना मेरे लिए हमेशा महत्वपूर्ण रहा है। यह सम्मान आगे भी स्थानीय खेल प्रतिभाओं की आवाज को और मजबूती से सामने लाने की प्रेरणा देता है। इस सम्मान के लिए युवा सृजन परिवार और समारोह से जुड़े सभी लोगों का हृदय से आभार।
National Sports Day स्वामी विवेकानंद क्रीड़ा एवं योग संस्थान ने जारी की वार्षिक रिपोर्ट, स्पोर्ट्स फेस्टिवल सीजन-4 का कैलेंडर घोषित https://t.co/OBR9cRQbXv #Muzaffarpur #sportsday pic.twitter.com/A5G10uywGJ
— RAJESH GOLTOO (@GOLTOO) August 29, 2026
Youtube video link : https://youtu.be/Q4gleslZcb4
National Sports Day : 26 वर्षों की यात्रा का संदेश
26वें मुजफ्फरपुर जिला युवा सृजन खेल पुरस्कार समारोह की सबसे बड़ी उपलब्धि केवल पुरस्कारों की संख्या नहीं, बल्कि इसकी निरंतरता है। नौ पुरस्कारों से शुरू हुआ सफर 26 वर्षों में 400 से अधिक सम्मानों तक पहुंचना बताता है कि स्थानीय स्तर पर खेल प्रतिभाओं को पहचान देने की एक मजबूत परंपरा विकसित हुई है।
खिलाड़ी, कोच, वरिष्ठ खेल व्यक्तित्व, अधिकारी, आयोजक, संस्थान और पत्रकार—सभी को एक ही मंच पर सम्मानित करने की यह पहल मुजफ्फरपुर के खेल तंत्र की व्यापक तस्वीर प्रस्तुत करती है। राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर आयोजित यह समारोह जिले में खेलों के प्रति बढ़ती प्रतिबद्धता और नई प्रतिभाओं के लिए बनते अवसरों का महत्वपूर्ण संकेत बनकर सामने आया।

Goltoo Singh Rajesh – डिजिटल पत्रकार
गोल्टू सिंह राजेश पिछले पाँच वर्षों से डिजिटल माध्यम में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत अपनी स्वयं की वेबसाइट पर समाचार प्रकाशित कर की। वर्तमान में वे डिजिटल पत्रकारिता के माध्यम से विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों और खेल-कूद से जुड़ी खबरों पर विशेष ध्यान देते हैं। मुज़फ़्फरपुर और आसपास के क्षेत्रों से संबंधित स्थानीय समाचारों को वे नियमित रूप से अपनी वेबसाइट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा करते रहते हैं, तथा देश-विदेश की ब्रेकिंग और प्रमुख समाचारों को भी प्रकाशित करते हैं।

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