GoltooNews

Muzaffarpur में ठगों का ‘डबल अटैक’! जज बनकर 20 लाख उड़ाए, ATM से 75 हजार साफ—सुरक्षा पर उठे सवाल

May 5, 2026 | by Goltoo

mfp_cyber

Muzaffarpur 5 May : Muzaffarpur में साइबर ठगों ने हाईकोर्ट जज बनकर 20 लाख की ठगी की, वहीं ATM पर भी 75 हजार रुपये उड़ाए गए। पुलिस जांच में जुटी, सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े।

Muzaffarpur में ठगों का ‘डबल अटैक’!

Muzaffarpur में साइबर अपराधियों का नेटवर्क दिन-ब-दिन खतरनाक होता जा रहा है। अब ठग इतने शातिर हो चुके हैं कि वे खुद को हाईकोर्ट का जज बताकर भी लोगों को झांसे में ले रहे हैं। ताजा मामले में मोटर ट्रांसपोर्ट फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष उदय शंकर प्रसाद सिंह को निशाना बनाते हुए करीब 20 लाख रुपये की ठगी कर ली गई।

इस पूरे मामले में अपर जिला परिवहन पदाधिकारी (ADTO) विवेक कुमार ने सदर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस उस मोबाइल नंबर की तलाश में जुटी है, जिससे कॉल कर खुद को पटना हाईकोर्ट का जज बताया गया था।

कैसे रची गई ठगी की साजिश?

जानकारी के अनुसार, ADTO के मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को हाईकोर्ट का जज बताते हुए बात की और विश्वास जीत लिया। अधिकारी ने इसे गंभीर समझते हुए मोटर ट्रांसपोर्ट फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष उदय शंकर प्रसाद सिंह का नंबर साझा कर दिया।

इसके बाद ठगों ने सीधे अध्यक्ष से संपर्क किया और बातचीत के जरिए भरोसा बनाते हुए पैसे की मांग की। बताया जाता है कि 24 अप्रैल को फिर कॉल कर ठगों ने काम होने की बात कही और इसी बहाने पैसे ट्रांसफर करा लिए।

Muzaffarpur में ठगों का ‘डबल अटैक’!
Muzaffarpur में ठगों का ‘डबल अटैक’!

पुलिस एक्शन मोड में

घटना सामने आने के बाद पुलिस सक्रिय हो गई है। सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने शहर के सभी थानाध्यक्षों के साथ बैठक कर अपराध नियंत्रण के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने अप्रैल महीने में हुई घटनाओं की समीक्षा की और फर्जी पहचान बनाकर ठगी करने वाले गिरोहों के खिलाफ कार्रवाई तेज करने को कहा।

ATM ठगी ने बढ़ाई चिंता

इसी बीच, सदर थाना क्षेत्र के डुमरी रोड से एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक किसान प्रीत भानु प्रताप से 75 हजार रुपये की ठगी कर ली गई।

ठगी का तरीका बेहद चालाक

  • पीड़ित SBI ATM से पैसे निकालने गए
  • कार्ड मशीन में फंस गया
  • पहले से मौजूद एक व्यक्ति ने मदद का नाटक किया
  • उसे एक मोबाइल नंबर पर कॉल करने को कहा
  • दूसरी तरफ से खुद को बैंक अधिकारी बताकर बात की गई
  • घबराहट में पीड़ित ATM छोड़कर बैंक जाने लगे
  • इसी बीच ठगों ने कार्ड निकालकर पैसे उड़ा लिए

बड़े सवाल खड़े

इन घटनाओं के बाद कई गंभीर सवाल उठ रहे हैं:

  • क्या ATM केंद्रों पर पर्याप्त सुरक्षा है?
  • क्या CCTV कैमरे सही तरीके से काम कर रहे हैं?
  • क्या गार्ड की व्यवस्था पर्याप्त है?

लोगों के लिए जरूरी चेतावनी

पुलिस ने साफ तौर पर कहा है:

  • किसी भी अनजान कॉल पर भरोसा न करें
  • खुद को अधिकारी बताने वाले से सतर्क रहें
  • ATM पर किसी अजनबी की मदद न लें
  • अपनी बैंकिंग जानकारी और OTP किसी के साथ साझा न करें

निष्कर्ष

मुजफ्फरपुर की ये घटनाएं साफ संकेत दे रही हैं कि साइबर अपराधी लगातार नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को निशाना बना रहे हैं। ऐसे में जागरूकता और सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

RELATED POSTS

View all

view all