www.goltoo.in

Bihar New Degree Colleges: 30 दिनों में 211 नए डिग्री कॉलेज शुरू करने की तैयारी, उच्च शिक्षा में ऐतिहासिक पहल

June 16, 2026 | by Goltoo

new12

Patna 16 June : Bihar New Degree Colleges योजना के तहत बिहार सरकार 30 दिनों में 211 नए डिग्री कॉलेज शुरू करने जा रही है। 1 जुलाई 2026 से शैक्षणिक गतिविधियां शुरू करने का लक्ष्य तय किया गया है।

Bihar New Degree Colleges: 30 दिनों में 211 नए डिग्री कॉलेज शुरू करने की तैयारी

बिहार सरकार ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए Bihar New Degree Colleges योजना के तहत 30 दिनों के भीतर 211 नए डिग्री कॉलेजों को शुरू करने का लक्ष्य तय किया है। 1 जून 2026 को हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के बाद इस महत्वाकांक्षी अभियान को मिशन मोड में लागू करने का निर्णय लिया गया। सरकार का उद्देश्य 1 जुलाई 2026 से इन सभी कॉलेजों में नियमित शैक्षणिक गतिविधियां प्रारंभ करना है।

Bihar New Degree Colleges: State Plans to Open 211 Colleges in Just 30 Days
Bihar New Degree Colleges: State Plans to Open 211 Colleges in Just 30 Days

Bihar New Degree Colleges परियोजना को समय पर पूरा करने के लिए राज्य सरकार ने जिला प्रशासन, विश्वविद्यालयों और शिक्षा विभाग को विशेष जिम्मेदारियां सौंपी हैं। प्रत्येक कॉलेज के लिए फर्नीचर, स्टेशनरी और अन्य संसाधनों पर 30 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे, जबकि भवन मरम्मत और आवश्यक निर्माण कार्यों के लिए 20 लाख रुपये की राशि जिलाधिकारियों को उपलब्ध कराई जाएगी। सरकार का मानना है कि यह पहल राज्य में उच्च शिक्षा की पहुंच को नई ऊंचाई देगी।

इस Bihar New Degree Colleges अभियान की खास बात यह है कि शुरुआत में हिंदी, अंग्रेजी, अर्थशास्त्र, इतिहास, राजनीति विज्ञान और समाज विज्ञान जैसे छह प्रमुख विषयों में पढ़ाई शुरू की जाएगी। इससे प्रयोगशालाओं और विशेष ढांचागत सुविधाओं की प्रतीक्षा किए बिना कॉलेजों को समय पर संचालित किया जा सकेगा। राज्यपाल ने भी शिक्षकों को छात्रों के साथ नियमित संवाद स्थापित करने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण वातावरण विकसित करने के निर्देश दिए हैं।

सरकार ने नए कॉलेजों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए “समर्थ पोर्टल” और बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया है। Bihar New Degree Colleges योजना के तहत सभी विश्वविद्यालयों और कॉलेजों को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ा जाएगा ताकि छात्रों और शिक्षकों की उपस्थिति तथा शैक्षणिक गतिविधियों की निगरानी की जा सके।

भूमि उपलब्धता की समस्या को दूर करने के लिए सरकार ने भूमि दान मॉडल को भी प्रोत्साहित किया है। नए कॉलेजों के लिए शहरी क्षेत्रों में 2.5 एकड़ और ग्रामीण क्षेत्रों में 5 एकड़ भूमि निर्धारित की गई है। कॉलेज परिसर का नाम भूमि दानकर्ता या उनके परिजनों के नाम पर रखने की सुविधा दी गई है, जिससे स्थानीय लोगों की भागीदारी बढ़ने की उम्मीद है।

शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर भी सरकार ने व्यावहारिक रणनीति अपनाई है। नियमित नियुक्तियां पूरी होने तक अतिथि शिक्षकों की सेवाएं ली जाएंगी ताकि Bihar New Degree Colleges योजना के तहत निर्धारित समय पर शैक्षणिक सत्र शुरू किया जा सके। इसके साथ ही सुरक्षा, सफाई और तकनीकी कार्यों के लिए आवश्यक कर्मियों की भी नियुक्ति की जाएगी।

शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि Bihar New Degree Colleges पहल निर्धारित समय सीमा में सफलतापूर्वक लागू होती है, तो यह बिहार में उच्च शिक्षा के विस्तार का नया मॉडल बन सकती है। हालांकि, आने वाले समय में इन कॉलेजों की शैक्षणिक गुणवत्ता और संसाधनों की उपलब्धता पर भी नजर रहेगी।

RELATED POSTS

View all

view all