Muzaffarpur 14 September : हिन्दी दिवस पखवाड़ा के तहत रविवार को शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास, उत्तर बिहार प्रांत की तरफ से आभासी पटल पर एक कार्यक्रम का आयोजन हुआ।
हिंदी दिवस पखवाड़ा: शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास

मुख्य वक्ता के रूप में भारतीय भाषा मंच के राष्ट्रीय संयोजक सह बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में मालवीय मिशन प्रशिक्षण केंद्र के उपनिदेशक डाॅ राजेश्वर कुमार ने वेबिनार को संबोधित करते हुए कहा कि आज यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है कि बड़े कार्यालयों में पत्राचार की भाषा हिन्दी नहीं है। राजभाषा का दर्जा होने के बाद भी आज अगर हमको हिन्दी दिवस मनाना पड़े और हिंदी को लेकर एक खास अभियान चलाना पड़े तो यह चिंतनीय स्थिति है। दुनिया के अधिकतर देशों में वहां की राजभाषा को लेकर कोई दिवस नहीं मनता। वहां पर प्रतिदिन उनकी अपनी भाषा का दिवस होता है।

उन्होंने एक उदाहरण देते हुए बताया कि विवि में आज भी प्रशासनिक तौर पर करीब सौ फीसदी पत्राचार की भाषा अंग्रेजी ही है। इसे हमे बदलने की आवश्यकता है। प्रोफेसर नागेंद्र शर्मा ने हिन्दी भाषा के इतिहास पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि 18 उपभाषाओं का संगम हिंदी भाषा में देखने को मिलता है। जिस तरह छोटी-बड़ी नदी और नाले भी गंगा में मिलने के बाद पवित्र हो जाते हैं वैसे ही हिन्दी एक ऐसी भाषा है जो सभी उपभाषाओं को अपने में समाहित किए हुए है।
हिंदी दिवस पर नीतीश्वर महाविद्यालय में सेमिनार व भाषण प्रतियोगिता का सफल आयोजन https://t.co/iTkCG75RxM #muzaffarpur #HindiDiwas @brabu_ac_in @DineshCRai pic.twitter.com/0v4dLI0uy5
— RAJESH GOLTOO (@GOLTOO) September 14, 2025
कार्यक्रम की अध्यक्षता सरला बिरला विश्वविद्यालय के संकायाध्यक्ष प्रोफेसर विजय कुमार सिंह ने की। मंच संचालन सहायक आचार्य रोशनी कुमारी ने किया। कार्यक्रम में कई महाविद्यालयों से करीब 100 प्रतिभागी शामिल थे। धन्यवाद ज्ञापन शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास के उत्तर बिहार प्रांत के संयोजक गौरव पवार ने किया।

Goltoo Singh Rajesh – डिजिटल पत्रकार
गोल्टू सिंह राजेश पिछले पाँच वर्षों से डिजिटल माध्यम में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत अपनी स्वयं की वेबसाइट पर समाचार प्रकाशित कर की। वर्तमान में वे डिजिटल पत्रकारिता के माध्यम से विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों और खेल-कूद से जुड़ी खबरों पर विशेष ध्यान देते हैं। मुज़फ़्फरपुर और आसपास के क्षेत्रों से संबंधित स्थानीय समाचारों को वे नियमित रूप से अपनी वेबसाइट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा करते रहते हैं, तथा देश-विदेश की ब्रेकिंग और प्रमुख समाचारों को भी प्रकाशित करते हैं।